Pune Murder Case: पुणे के चर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे मामले में नए मोड़ सामने आ रहे हैं। पुलिस हिरासत की अवधि समाप्त होने से पहले मुख्य आरोपी सिया गोयल और चेतन चौधरी अब एक-दूसरे को ही इस कथित साजिश का जिम्मेदार बताने में जुट गए हैं। जांच एजेंसियों का मानना है कि दोनों खुद को बचाने के लिए अलग-अलग बयान देकर कानूनी दबाव कम करने की कोशिश कर रहे हैं। प्यार से ब्लेम गेम तक पुलिस सूत्रों के अनुसार, सिया और चेतन पहले रिश्ते में थे। सिया की शादी केतन अग्रवाल से तय होने के बाद दोनों ने कथित तौर पर कई विकल्पों पर विचार किया। शुरुआती योजना परिवार और समाज से दूर जाकर नई जिंदगी शुरू करने की थी, लेकिन परिस्थितियां अनुकूल न होने पर मामला और गंभीर दिशा में बढ़ गया। पूछताछ में सिया ने दावा किया है कि वह शादी नहीं करना चाहती थी और इस बारे में केतन को भी बता चुकी थी। वहीं चेतन का कहना है कि हत्या की योजना का विचार सिया की ओर से आया था। दूसरी तरफ सिया ने जांचकर्ताओं के सामने दावा किया कि पूरे घटनाक्रम के पीछे चेतन की भूमिका सबसे अहम थी। दोनों के बयान एक-दूसरे से बिल्कुल अलग हैं, जिससे जांच और जटिल हो गई है। सच्चाई के करीब जांच जांच अधिकारियों का मानना है कि यह विरोधाभासी बयान एक सोची-समझी रणनीति का हिस्सा हो सकते हैं। इसलिए पुलिस अब केवल बयानों पर निर्भर रहने के बजाय डिजिटल रिकॉर्ड, मोबाइल डेटा, लोकेशन, सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी साक्ष्यों को जोड़कर घटनाक्रम की पूरी तस्वीर तैयार करने में जुटी है। 29 जून को पुलिस कस्टडी समाप्त होने से पहले जांच टीम की कोशिश है कि मजबूत सबूतों की ऐसी श्रृंखला तैयार की जाए, जिससे यह स्पष्ट हो सके कि घटना में किसकी क्या भूमिका थी। फिलहाल पुणे का यह हाई-प्रोफाइल मामला प्यार, साजिश और आरोप-प्रत्यारोप के बीच उलझता जा रहा है, जबकि हर किसी की नजर अब जांच के अगले खुलासे पर टिकी हुई है। ये भी पढ़ें: मैं शादी नहीं करना चाहती थी… प्यार, दबाव और मौत का प्लान! सिया के खुलासे से चौंकी पुलिस